Rajasthan Art and Culture notes

Forts, palaces, temples, painting, folk deities, fairs and festivals, literature and crafts.

61 chapters · 1 topics

General61 chapters

  1. 1राजस्थानी भाषा व बोलियाँ: प्रमुख बोलियाँराजस्थानी भाषा की उत्पत्ति, डिंगल-पिंगल का भेद, ग्रियर्सन का वर्गीकरण और सभी बोलियाँ-उपबोलियाँ, PYQ सहित।
  2. 2राजस्थानी साहित्यकार व कृतियाँ: आरम्भ काल एवं मध्यकाल (भाग 1)राजस्थानी साहित्य के चार काल, पहली रचनाएँ, अकादमी पुरस्कार और आरम्भ काल से आरम्भिक चारण कवियों तक, PYQ सहित।
  3. 3राजस्थानी साहित्यकार व कृतियाँ: मध्यकाल (भाग 2)भक्ति और वीर रस के मध्यकालीन चारण कवि, आख्यान व जैन काव्य, गद्य की शुरुआत और ख्यातकार, PYQ सहित।
  4. 4राजस्थानी साहित्यकार व कृतियाँ: आधुनिक काल — कवि (भाग 1)1857 के बाद का राजस्थानी काव्य — सूर्यमल्ल मिश्रण, जागरण काल के कवि और आज़ादी के बाद के कवि, PYQ सहित।
  5. 5राजस्थानी साहित्यकार व कृतियाँ: आधुनिक काल — कवि (भाग 2) एवं आधुनिक गद्य साहित्य (भाग 1)गीतकार और नवलेखन के कवि, संबोधन व प्रबंध काव्य, आधुनिक गद्य के अग्रणी और विजयदान देथा «बिज्जी»।
  6. 6राजस्थानी साहित्यकार व कृतियाँ: आधुनिक गद्य साहित्य (भाग 2)आधुनिक गद्य की विधाएँ — उपन्यास, कहानी, नाटक, निबंध — उनके पहले रचनाकार, साहित्य की शैलियाँ और पत्रिकाएँ।
  7. 7अन्य साहित्यकार व कृतियाँ: प्राचीन विद्वान एवं कुम्भा व उनके विद्वानब्रह्मगुप्त, माघ और चन्दबरदाई से कुम्भा के विद्वानों तक, और टॉड, श्यामलदास, ओझा जैसे इतिहासकार उपाधियों सहित।
  8. 8अन्य साहित्यकार व कृतियाँ: ग्रन्थ-वर्ग — राजस्थान पर लिखेराजस्थान पर लिखे संस्कृत, फ़ारसी-उर्दू, ख्यात व रासो ग्रन्थ, शासकों की रचनाएँ, पत्रिकाएँ और नए पुरस्कार।
  9. 9राजस्थान में संत साहित्य व लौकिक साहित्य: सम्प्रदाय-वार संत काव्यराजस्थान के संत सम्प्रदायों का काव्य, प्रेमाख्यान और लोक साहित्य के पाँच रूप — PYQ सहित।
  10. 10राजस्थानी शब्दावली: खेत व खेतीखेत-खेती और रसोई-घर-गृहस्थी की राजस्थानी शब्दावली, पिछली परीक्षाओं में पूछे गए शब्दों सहित।
  11. 11साहित्यिक एवं सांस्कृतिक संस्थाएँ: संगीत, नृत्य व कला संस्थानराजस्थान की साहित्यिक और सांस्कृतिक संस्थाएँ — शहर, स्थापना-वर्ष, अकादमियाँ, पत्रिकाएँ और पुरस्कार।
  12. 12राजस्थान की चित्रकला शैलियाँ: चित्रकला का परिचय एवं मेवाड़ स्कूल (भाग 1)राजस्थानी चित्रकला का उद्भव, नामकरण, लोक-चित्रकला व भित्ति चित्रण की विधियाँ और मेवाड़ स्कूल का पहला भाग।
  13. 13राजस्थान की चित्रकला शैलियाँ: मेवाड़ स्कूल (भाग 2) एवं मारवाड़ स्कूल (भाग 1)मेवाड़ की नाथद्वारा, चावंड, देवगढ़, शाहपुरा शैलियाँ और मारवाड़ स्कूल की जोधपुर-बीकानेर शैली, PYQ सहित।
  14. 14राजस्थान की चित्रकला शैलियाँ: मारवाड़ स्कूल (भाग 2) एवं हाड़ौती स्कूलकिशनगढ़, जैसलमेर, अजमेर, नागौर-घाणेराव और हाड़ौती स्कूल की बूँदी, कोटा, झालावाड़ शैलियाँ।
  15. 15राजस्थान की चित्रकला शैलियाँ: ढूँढाड़ स्कूल एवं चित्रकार, चित्र व संस्थाएँढूँढाड़ स्कूल की पाँच शैलियाँ, सभी शैलियों के स्वर्णकाल, चित्रकार, तुलना, आधुनिक चित्रकार और संस्थाएँ।
  16. 16राजस्थान की हस्तकलाएँ: हस्तकला का परिचय एवं उदयपुर संभागहस्तकला का परिचय, संस्थाएँ, 14 शिल्पों को मिला GI टैग और उदयपुर, कोटा व भरतपुर संभाग की हस्तकलाएँ।
  17. 17राजस्थान की हस्तकलाएँ: जयपुर संभाग एवं अजमेर व जोधपुर संभागजयपुर, अजमेर और जोधपुर संभाग की हस्तकलाएँ — पॉटरी, छपाई, मीनाकारी, कठपुतली, फड़ कला और बादला।
  18. 18राजस्थान की हस्तकलाएँ: वस्त्र-कलाएँ एवं अन्य हस्तकलाएँलहरिया, बांधनी-चुनरी, गोटा-मुकेश, कढ़ाई-पेचवर्क, लाख, मांडणा और राजस्थानी खान-पान का सार।
  19. 19राजस्थान के आभूषण: सिर, कान, नाक और दाँत एवं गले के आभूषणराजस्थान के सिर, कान, नाक, दाँत और गले के आभूषण — नाम, बनावट और पहचान, PYQ सहित।
  20. 20राजस्थान की वेशभूषा व पहनावा: सिर के वस्त्र एवं स्त्रियों के वस्त्रराजस्थानी पगड़ी, साफा, पुरुषों के वस्त्र, घाघरा-ओढ़नी और आदिवासी पहनावे का सार, PYQ सहित।
  21. 21राजस्थान के दुर्ग: दुर्ग — परिचय व प्रकार एवं मेवाड़ व हाड़ौती के दुर्ग (भाग 1)दुर्गों के प्रकार, श्रेणियाँ और उदाहरण, विश्व धरोहर के 6 पहाड़ी किले और चित्तौड़गढ़ दुर्ग।
  22. 22राजस्थान के दुर्ग: मेवाड़ व हाड़ौती के दुर्ग (भाग 2)कुम्भलगढ़, गागरोन, बूँदी का तारागढ़, बाराँ-कोटा-झालावाड़ के दुर्ग और मेवाड़ के अन्य किले।
  23. 23राजस्थान के दुर्ग: भरतपुर संभाग के दुर्ग एवं जयपुर संभाग के दुर्गरणथम्भौर, लोहागढ़, बयाना, डीग, आमेर, जयगढ़, नाहरगढ़ और अलवर-शेखावाटी के दुर्ग, PYQ सहित।
  24. 24राजस्थान के दुर्ग: अजमेर संभाग के दुर्ग एवं जोधपुर संभाग (मारवाड़) के दुर्ग (भाग 1)तारागढ़ (अजमेर), मैग्ज़ीन, नागौर, मांडलगढ़, मेहरानगढ़, बाड़मेर के दुर्ग और सिवाणा का इतिहास।
  25. 25राजस्थान के दुर्ग: जोधपुर संभाग (मारवाड़) के दुर्ग (भाग 2) एवं थार के मरु-दुर्गजालौर, सिरोही, जैसलमेर, बीकानेर, हनुमानगढ़ और चूरू के प्रमुख दुर्ग, उनके निर्माता और साके, PYQ सहित।
  26. 26राजस्थान के महल: जयपुर-आमेर (ढूंढाड़) एवं मारवाड़ व पश्चिमी राजस्थानमहल स्थापत्य का परिचय, राजतिलक के स्थान और जयपुर-आमेर, जोधपुर, बीकानेर व जैसलमेर के प्रमुख महल।
  27. 27राजस्थान के महल: हाड़ौती के महल एवं पूर्वी व उत्तरी राजस्थाननागौर-अजमेर से मेवाड़, हाड़ौती, डीग-भरतपुर, अलवर और शेखावाटी तक के महल, उपनाम और प्रसिद्ध कथन।
  28. 28राजस्थान की हवेलियाँ और छतरियाँ: एक नज़र मेंहवेली स्थापत्य, छतरी की पहचान व खम्भों की गिनती, फिर राजस्थान भर की प्रसिद्ध हवेलियाँ और छतरियाँ।
  29. 29राजस्थान के मंदिर: स्थापत्य: शैलियाँ व कालमंदिर की नागर, द्रविड़ और बेसर शैलियाँ, राजस्थान की स्थानीय शैलियाँ और मौर्य से सोलंकी काल तक की पहचान।
  30. 30राजस्थान के मंदिर: उदयपुर संभाग (भाग 1)एकलिंगजी, नागदा, जगत, ऋषभदेव, जगदीश, चित्तौड़ दुर्ग और राजसमंद के प्रमुख मंदिर, उपनाम व निर्माता सहित।
  31. 31राजस्थान के मंदिर: उदयपुर संभाग (भाग 2) एवं हाड़ौती व पूर्वी राजस्थानबाँसवाड़ा-डूँगरपुर-प्रतापगढ़ के मंदिर तथा कोटा संभाग और भरतपुर संभाग के प्रमुख मंदिर।
  32. 32राजस्थान के मंदिर: जयपुर संभागजयपुर संभाग के मंदिर — गौड़ीय सम्प्रदाय के कृष्ण मंदिर, आभानेरी, अलवर तथा सीकर-झुंझुनूं के प्रमुख मंदिर।
  33. 33राजस्थान के मंदिर: अजमेर संभाग एवं जोधपुर व बीकानेर संभाग (भाग 1)अजमेर, जोधपुर और बीकानेर संभाग के प्रमुख मंदिर — पुष्कर, मेड़ता, ओसियां, जैसलमेर और बाड़मेर तक।
  34. 34राजस्थान के मंदिर: जोधपुर व बीकानेर संभाग (भाग 2) एवं पैनोरमा व स्मारकपाली, जालौर, सिरोही-आबू और बीकानेर संभाग के मंदिर तथा संभाग-वार पैनोरमा व स्मारक।
  35. 35मुस्लिम पीर, मस्जिदें, दरगाह, मीनार, मकबरे: ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्तीअजमेर के ख्वाजा गरीब नवाज़, नागौर के सूफ़ी संत तथा राजस्थान की प्रमुख मस्जिदें, दरगाहें, मक़बरे व मीनारें।
  36. 36राजस्थान के सम्प्रदाय व संत: शैव व नाथ सम्प्रदाय एवं वैष्णव सम्प्रदाय (भाग 1)सगुण-निर्गुण धारा, सम्प्रदायों के दर्शन, शैव-नाथ मत और वैष्णव के रामानन्दी, रसिक, निम्बार्क व वल्लभ पंथ।
  37. 37राजस्थान के सम्प्रदाय व संत: वैष्णव सम्प्रदाय (भाग 2) एवं जसनाथी · विश्नोई · दादूश्रीनाथजी के सात स्वरूप, नाथद्वारा, गौड़ीय सम्प्रदाय और जसनाथी, विश्नोई व दादू पंथ का पूरा ब्योरा।
  38. 38राजस्थान के सम्प्रदाय व संत: लालदासी · चरणदासी · रामस्नेही…दादू के शिष्य, लालदासी, चरणदासी, निरंजनी, रामस्नेही, परनामी, अलखिया और सिक्ख सम्प्रदाय एक साथ।
  39. 39राजस्थान के लोकसंतसंत पीपा, धन्नाजी, रैदास, मीरां बाई और वागड़ के संतों के जीवन, साथ ही जैन तीर्थंकर व तेरापंथ के आचार्य।
  40. 40राजस्थान के लोकदेवता: पंचपीर (भाग 1)लोकदेवता कौन हैं, परचा-चिरजा जैसी शब्दावली, रिश्तेदार जोड़ियाँ और पंचपीर में रामदेवजी व गोगाजी।
  41. 41राजस्थान के लोकदेवता: पंचपीर (भाग 2) एवं तेजाजी · देवनारायण · देवबाबा (भाग 1)पाबूजी, हड़बूजी और मेहाजी की जीवनी तथा तेजाजी का परिचय, कथा और मेला, PYQ सहित।
  42. 42राजस्थान के लोकदेवता: तेजाजी · देवनारायण · देवबाबा (भाग 2) एवं वीर योद्धा व बलिदानीदेवनारायणजी, देवबाबा, भूरिया बाबा और गौ-रक्षा व गाँव-रक्षा में शहीद कल्लाजी से झुँझार जी तक के लोकदेवता।
  43. 43राजस्थान के लोकदेवता: साधक, रोग-निवारक, रक्षक एवं विद्रोही व स्थानीय देवतामल्लीनाथ से भौमिया जी तक साधक-रक्षक देवता, शेखावाटी के विद्रोही, स्थानीय देवता और पूरे अध्याय का सारांश।
  44. 44राजस्थान की लोकदेवियाँ: उदयपुर संभाग एवं जयपुर, अलवर व शेखावाटी (भाग 1)शक्ति-पूजा का आरम्भ, कुलदेवियों की सूची और उदयपुर, कोटा व भरतपुर संभाग की देवियाँ, PYQ सहित।
  45. 45राजस्थान की लोकदेवियाँ: जयपुर, अलवर व शेखावाटी (भाग 2) एवं जोधपुर संभाग (भाग 1)ढूँढाड़, अलवर, शेखावाटी, अजमेर संभाग और जोधपुर-ओसियाँ की लोकदेवियाँ — कुलदेवी, स्थान और मेले सहित।
  46. 46राजस्थान की लोकदेवियाँ: जोधपुर संभाग (भाग 2) एवं जैसलमेर व बीकानेरबाड़मेर से सिरोही तक की देवियाँ, जैसलमेर की सात कल्याणी देवियाँ, हिंगलाज और बीकानेर की करणी माता।
  47. 47राजस्थान के लोक नृत्य: क्षेत्रीय लोकनृत्य एवं धार्मिक लोकनृत्यलोकनृत्य के प्रकार, क्षेत्रीय नृत्य (गैर, गींदड़, ढोल, घुड़ला, बमरसिया) और धार्मिक नृत्य, PYQ सहित।
  48. 48राजस्थान के लोक नृत्य: जातीय लोकनृत्यजातियों के नृत्य, व्यावसायिक नृत्य, राज्य नृत्य घूमर, शास्त्रीय नृत्य कथक और हाल के पद्मश्री सम्मान, PYQ सहित।
  49. 49राजस्थान के प्रमुख लोक नाट्य: ख्याल एवं रम्मत, तमाशा, नौटंकी, चारबैतलोक नाट्य के इलाक़ेवार रंग, ख्याल की सभी शैलियाँ और भीलों का गवरी (राई) नाट्य, PYQ सहित।
  50. 50लोक गायन शैलियाँ एवं प्रमुख संगीतज्ञ व कलाकारछह लोक गायन शैलियाँ, ध्रुपद की वाणियाँ, संगीत घराने, संगीतज्ञ और संगीत ग्रंथ, PYQ सहित।
  51. 51राजस्थान के लोकगीत: विरह व शृंगार के गीतलोकगीतों के वर्ग, विवाह के गीत, जन्म-मृत्यु के गीत और क्षेत्रवार गीत व राग, PYQ सहित।
  52. 52राजस्थान के लोक वाद्यंत्र: घन वाद्य एवं अवनद्ध (ताल) वाद्यघन, अवनद्ध और सुषिर वाद्यों की बनावट, राज्य वाद्य, जाति-जनजाति के वाद्य और प्रसिद्ध वादक।
  53. 53राजस्थान की जनजातियाँ: मीणा जनजाति एवं भील जनजाति (भाग 1)राजस्थान की जनजातियों की संख्या व ज़िलेवार स्थिति, मीणा जनजाति और भील जनजाति का पहला भाग।
  54. 54राजस्थान की जनजातियाँ: भील जनजाति (भाग 2) एवं गरासिया जनजातिभील जनजाति की आस्था, विवाह और मेले तथा गरासिया व सहरिया जनजाति का परिचय, PYQ सहित।
  55. 55राजस्थान की जनजातियाँ: सहरिया जनजाति एवं डामोर, कथौड़ी, सांसी, कंजरसहरिया जनजाति का दूसरा भाग तथा डामोर, कथौड़ी, सांसी और कंजर की पहचान, शब्द और संस्थाएँ।
  56. 56राजस्थान की प्रथाएँ व रीति रिवाज: जौहर, सती और स्त्री-प्रथाएँकुप्रथाओं पर पहली रोक, जौहर-साका, सती, विवाह-मृत्यु की रस्में और सोलह संस्कारों की सूची।
  57. 57राजस्थान के त्योहार व मेले: कालगणना व संवत् एवं हिन्दू मास-वार त्योहार (भाग 1)विक्रम संवत्, शक और हिजरी जैसे संवतों की कालगणना तथा चैत्र मास तक के त्योहार।
  58. 58राजस्थान के त्योहार व मेले: हिन्दू मास-वार त्योहार (भाग 2)वैशाख से फाल्गुन तक हिन्दू महीनों के त्योहार, उनकी तिथियाँ और मेले, PYQ सहित।
  59. 59राजस्थान के त्योहार व मेले: होली के रंग एवं अन्य धर्मों व समुदायों के पर्वराजस्थान में होली के रूप, अन्य समुदायों के पर्व और उदयपुर से जयपुर तक के संभागों के मेले, PYQ सहित।
  60. 60राजस्थान के त्योहार व मेले: धार्मिक मेले — संभाग-वार (भाग 2) एवं पर्यटन मेले व महोत्सवअजमेर, जोधपुर, बीकानेर संभाग के मेले, पर्यटन महोत्सव और माह-वार क्रम, PYQ सहित।
  61. 61राजस्थान के प्रमुख संग्रहालय: उदयपुर संभागराजस्थान के संग्रहालय — सबसे पुराना, सबसे बड़ा, पहला और अकेला — संभाग-वार, PYQ सहित।